चकुंदर के फायदे और नुकसान | Beetroot nutrition benefit and side effect in hindi

 चकुंदर के 11 फायदे  (Beetroot benefit in hindi) चुकंदर के फायदे

Beetroot benefit – चकुंदर के फायदे और औषधीय गुणों का भंडार यह (चकुंदर) लाल रंग का दिखने वाला रक्तवर्धक Beetroot शरीर को अनेक रोगों से बचाने वाले गुणों का खजाना है। Beetroot में पाए जाने वाले एंटीऑक्सीडेंट तत्व शरीर को रोगों से लड़ने की शक्ति प्रदान करते हैं। निरोगी हेल्थ के इस आर्टिकल में चकुंदर क्या है (what is beetroot), चकुंदर के औषधीय गुण (Beetroot nutrition in hindi), चकुंदर के स्वास्थ्य लाभ और चकुंदर के फायदे और नुकसान के बारे में जानेंगे, आइए जानते हैं चुकंदर के फायदे (Beetroot nutrition benefit and side effect in hindi)

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चकुंदर क्या है (What is Beetroot)

यह मीठा, पुष्टिकर और मानसिक तरावत बढ़ाने वाला एक प्रकार का फल होता है। Beetroot एक प्रकार की जड़ है। चुकंदर की सब्जी बनाकर या कच्चा सलाद के रूप में खा सकते हैं या जूस बनाकर पी सकते है लाल रंग का दिखने वाला चुकंदर हमारी सेहत के लिए फायदेमंद (Beetroot benefit)  होता है चुकंदर औषधीय गुणों का खजाना होता है।

स्वास्थ्य की दृष्टि से चुकंदर के फायदे अनेक होते हैं अनेकों ओषधीय गुणों से भरे रक्तवर्धक चुकंदर का जूस पीने से खून में हीमोग्लोबिन की मात्रा बढ़ती है चुकंदर में प्रचुर मात्रा में विटामिन और खनिज होते हैं जो रक्त शोधन में सहायक होते हैं।

चकुंदर में औषधीय गुण (Beetroot nutrition benefit in hindi)

इसका (Beetroot) चुकंदर का सेवन ब्लड शुगर लेवल को नियंत्रण में रखने से लेकर सेक्सुअल स्टैमिना तक बढ़ाने में उपयोगी होता है। इसका सेवन करने से जोड़ों का दर्द दूर होता है व लिवर को शक्ति मिलती है। यह दिमाग के लिए भी अच्छा है और रोगप्रतिरोधक क्षमता बढ़ाने का काम करता है। यह एक नेचुरल फूड कलर के रूप में काम करता है। चुकंदर का सेवन सलाद, ज्यूस, हलवा, सूप आदि किसी भी रूप में कर सकते हैं।

चुकंदर प्राकृतिक शुगर का सबसे अच्छा स्रोत है इसमें सोडियम, पोटेशियम, फॉस्फोरस, कैल्शियम, सल्फर, क्लोरीन, आयोडीन, फाइबर, आयरन, विटामिन-B1, विटामिन-B2 और विटामिन-सी जैसे अनेक तत्व पाये जाते हैं। इसमें कैलोरी कम होती है और यह फैट फ्री होता है।

यह एक बेहतरीन फल है जो रक्त को साफ करने के काम आता है। इसकी तासीर ठंडी होती है। इसमें पाए जाने वाले एंटीऑक्सीडेंट तत्व शरीर को रोगों से लड़ने की क्षमता प्रदान करते हैं यह प्राकृतिक शर्करा का अच्छा स्रोत है।

चकुंदर का सेवन (Beetroot nutrition benefit and side effect in hindi)

मधुमेह रोग में चुकंदर का सेवन

डायबिटीज से पीड़ित व्यक्ति चुकंदर का सेवन करके अपनी मीठा खाने की इच्छा (तलब) को मिटा सकते हैं। इसको खाने का फायदा यह है कि मीठे की तलब पूरी होने पर भी यह आपका ब्लड शुगर लेवल नहीं बढ़ाता क्योंकि यह ग्लाइसेमिक इंडेक्स वेजिटेबल है इसका अर्थ यह खून में बहुत धीरे-धीरे शुगर रिलीज करता है।

Beetroot बहुत कम कैलोरी होती है और इसका फैट फ्री होना भी इसे डायबिटीज के मरीजों के लिए उपयोगी बनाता है। इसलिए शूगर से पीड़ित व्यक्ति को चकुंदर का और इसके पत्तों के ज्यूस का नियमित सेवन करना डायबिटीज से राहत दिलाने में मददगार होता है। यह पढ़ें – मधुमेह के लिए आहार चार्ट

एनीमिया में चुकंदर का सेवन

चुकंदर में बहुत अधिक मात्रा में आयरन पाया जाता है और आयरन की मदद से हीमोग्लुटनिंन बनता है जो कि रक्त का ही एक ऐसा हिस्सा होता है। यह ऑक्सीजन और बहुत से पोषक तत्वों को शरीर के दूसरे अंगों तक पहुंचाने में मदद करता है। Beetroot के यही आयरन तत्व एनीमिया से लड़ने में मदद करते हैं।

लोगों का मानना है कि लाल रंग होने के कारण चुकंदर खून की कमी को मिटाने में मदद करता है और इसी कारण यह एनीमिया में खाना चाहिए हालांकि इसमें आधा सच भी छिपा हुआ है क्योंकि यह ब्लड में हीमोग्लोबिन की मात्रा मैं बहुत अधिक वृद्धि करता है।

हाई ब्लड प्रेशर में चकुंदर का सेवन

चुकंदर नाइट्रेट्स का अच्छा स्रोत होता है। इसका सेवन करने से यह नाइट्राइटस और गैस नाइट्रिक ऑक्साइडस में बदल जाता है। यह दोनों तत्व धमनियों (रक्त वाहिनियों) को चौड़ा करने और ब्लड प्रेशर को कम करने में मददगार होते हैं। शोधकर्ताओं ने यह भी पाया है कि नियमित 500 ग्राम चुकंदर खाने से लगभग 6 घंटे में व्यक्ति का ब्लड प्रेशर नियंत्रित हो जाता है।

इसके अलावा चुकंदर और इसके पत्ते फोलेट का अच्छा स्रोत है जो उच्च रक्तचाप और अल्जाइमर की समस्या को दूर करने में मदद करता है। नियमित चुकंदर में गाजर और सेव मिलाकर इस का जूस पीने से हाई ब्लड प्रेशर में कमी आती है

कोलेस्ट्रॉल कम करने में चकुंदर का सेवन

चुकंदर में भरपूर मात्रा में फाइबर, प्लेवेनॉइड्स और बेटासायनिन पाया जाता है। बेटासायनिन के कारण ही चुकंदर का रंग लाल या बैंगनी होता है। Beetroot एक शक्तिशाली एंटीऑक्सीडेंट होता है। यह एलडीएल कोलेस्ट्रोल का ऑक्सीकरण कम करने में मदद करता है। जिसके कारण यह धमनियों में नहीं जमता।

इससे दिल के दौरे का जोखिम कम हो जाता है और ह्रदय मजबूत होता है। इसलिए जिनका खराब कोलेस्ट्रॉल अधिक रहता है उनको चुकंदर का सेवन नियमित करना लाभदायक माना गया है। यह पढ़ें – हाई कोलेस्ट्रॉल के लक्षण कारण और उपाय

सेक्सुअल हेल्थ या स्टेमिना बढ़ाने में चुकंदर का सेवन

चुकंदर को नेचुरल वियाग्रा भी कहा जाता है। पुराने समय में इसका इस्तेमाल यौन स्वास्थ्य के लिए किया जाता रहा है। चुकंदर नाइट्रिक ऑक्साइड रिलीज करता है। जिससे रक्त वाहिकाओं का विस्तार होता है। और जेनेटल्स में खून का दौरा बढ़ता है। जिसके कारण निष्क्रिय कोशिकाएं उत्तेजित होती है।

इसके अलावा चकुंदर में बहुत अधिक मात्रा में एक केमिकल “बोरॉन” पाया जाता है, जो कि ह्यूमन सेल्स हार्मोन के निर्माण में मददगार होता है। इसलिए चकुंदर का नियमित सेवन यौन शक्ति में वृद्धि करने के साथ साथ स्टेमिना और सेक्स टाइम में भी वृद्धि करने में सहायक होता है। यह पढ़ें – यौन शक्ति बढ़ाने के आयुर्वेदिक उपाय

कैंसर रोग में चुकंदर का सेवन

चुकंदर का बेटासायनिन तत्व एक और बहुत ही आवश्यक काम करता है। हावर्ड यूनिवर्सिटी में हुए एक अध्ययन में यह पाया गया है कि जिन को ब्रेस्ट या प्रोस्टेट कैंसर की समस्या होती है। वह अगर चुकंदर का नियमित सेवन करते हैं तो उनके ट्यूमर बढ़ने की गति 12.5 प्रतिशत कम हो जाती है।

जिन लोगों को यह गंभीर बीमारी नहीं है। उनको चुकंदर खाने से इसका जोखिम बहुत कम हो जाता है। इसलिए ऐसी गम्भीर बीमारी से शरीर को सुरक्षित रखने के लिए चकुंदर का सेवन करना लाभदायक है।

कब्ज दूर करने में चकुंदर का सेवन

चुकंदर में अधिक मात्रा में फाइबर होने के कारण यह एक रेचक औषधि के रूप में काम करता है। इसका नियमित सेवन करने से पेट सही रहता है व स्टूल नरम हो जाता है। साथ ही पेट के सारे टॉक्सिंस भी बाहर निकल जाते हैं। यह पाचन क्रिया में भी सुधार करता है। और आंतों के स्वास्थ्य के लिए भी चुकंदर को उत्तम माना गया है।

पेट से जुड़ी तमाम समस्याओं से बचने के लिए नियमित चकुंदर के ज्यूस में नींबू का रस व सेंधा नमक मिलाकर पीना चाहिए। इससे कब्ज की समस्या से छुटकारा मिलता है। यह पढ़ें – कब्ज का रामबाण इलाज 

दिमाग तेज करने में चकुंदर का सेवन

चुकंदर में पाए जाने वाले नाइट्रेट तत्व के कारण इस के जूस का नियमित सेवन करने से व्यक्ति का स्टैमिना 16 प्रतिशत तक बढ़ जाता है। शरीर में ऑक्सीजन  बढ़ने से मस्तिष्क भी ठीक प्रकार से कार्य करता है। जिससे सिर दर्द, माइग्रेन आदि समस्याओं से राहत मिलने के साथ-साथ दिमाग भी तेज होता है। इसके अलावा चुकंदर का नियमित सेवन करने से डिमेंशिया में भी राहत मिल सकती है।

थकान दूर करने में चुकंदर का सेवन

चुकंदर में शरीर के लिए आवश्यक सभी पोषक तत्व भरपूर मात्रा में पाए जाते हैं। इसमें आयरन भी अधिक मात्रा में होता है जो शरीर का स्टैमिना बढ़ाने का काम करता है। इसमें नाइट्रेट तत्व होने के कारण यह धमनियों का विस्तार करने में भी मददगार होता है।

जिससे शरीर के सभी अंगों तक ऑक्सीजन ठीक प्रकार से पहुंच पाती है। और इससे थकान दूर होती है व  शरीर को पर्याप्त मात्रा में एनर्जी प्राप्त होती है। Beetroot का जूस नियमित पीने से शरीर शक्तिशाली और ऊर्जावान होता है। यह पढ़ें – शारीरिक दुर्बलता दूर करने के उपाय

गर्भवती महिलाओं के लिए चुकंदर का प्रयोग

गर्भवती महिलाओं के लिए चुकंदर किसी वरदान से कम नहीं है। चुकंदर में उच्च मात्रा में फोलिक एसिड पाया जाता है। यह पोषक तत्व गर्भवती महिलाओं और उनके गर्भस्थ शिशु के लिए बहुत ही महत्वपूर्ण होता है। क्योंकि इससे बच्चे का मेरुदंड बनने में मदद मिलती है।

यह गर्भावस्था व प्रसव के समय में महिलाओं को अतिरिक्त उर्जा भी देता है। जिससे महिलाओं के साथ साथ बच्चे का भी शारीरिक और मानसिक विकास अच्छे से होने में मदद मिलती है। इसके अलावा यह महिलाओं में गर्भावस्था के दौरान होने वाली हीमोग्लोबिन की कमी को भी दूर करता है।

हड्डियों के लिए चकुंदर का सेवन

चुकंदर में मिनरल सिलिका होता है जो कैल्शियम की पूर्ति करता है। कैल्शियम शरीर के लिए जरूरी तत्व होता है। कैल्शियम से हड्डियां और दांत मजबूत होते हैं। शरीर में कैल्शियम की कमी दूर करने के लिए चुकंदर के जूस का नियमित सेवन करना चाहिए।

बच्चों और युवाओं को चुकंदर चबा चबा कर खाना चाहिए इससे दांत और मसूड़े मजबूत होते हैं। इसके साथ ही नियमित एक गिलास चकुंदर का ज्यूस पीने से आरिस्टप्रोसिस और हड्डियों व दाँतों से जुड़ी समस्याओं से बच सकते हैं। यह पढ़ें – जोड़ों में दर्द का इलाज

चुकंदर के अन्य प्रयोग (Beetroot use in hindi)

अब तक बताएं गए चकुंदर के फायदे और स्वास्थ्य लाभ के अलावा Beetroot के और फायदे होते हैं जैसे

  • इसके रस या चुकंदर को पानी में उबालकर इसका सूप बनाकर नियमित पीने से गुर्दे की पथरी भी निकल जाती है और लिवर की सूजन भी दूर होती है।
  • यह छाती में जमने वाले कफ, बलगम को निकालकर सांस नली को भी साफ रखने में मददगार है।
  • चकुंदर का नियमित सेवन करने से जोड़ों का दर्द दूर होता है।
  • दो चम्मच चुकंदर के रस में एक चम्मच शहद मिलाकर नियमित पीने से पेट की गैस से छुटकारा मिलता है।
  • अनियमित मासिक धर्म या मासिक धर्म के दौरान होने वाले दर्द से छुटकारा दिलाने में चुकंदर का सेवन फायदेमंद होता है।
  • महिलाओं में श्वेत प्रदर, रक्त प्रदर, मासिक धर्म, जननांगों के रोग आदि में गाजर और चुकंदर का रस मिलाकर नियमित दो बार सेवन करने से लाभ मिलता है।
  • पीलिया के रोगियों को एक एक कप चुकंदर का जूस दिन में 4 बार सेवन करने से फायदा मिलता है।
  • बालों में रूसी की समस्या से छुटकारा पाने के लिए चुकंदर के रस में सिरका मिलाकर सिर में लगाने से कुछ दिनों में लाभ मिलता है।
  • गुलाबी त्वचा पाने के लिए चुकंदर काटकर  हल्के हाथों से चेहरे पर लगाएं इससे चेहरे में गुलाबी निखार आ जाता है।
  • नियमित एक गिलास चकुंदर का जूस पीने या डेढ़ सौ ग्राम इसे खाने से नाखूनों का फटना उखड़ना बदलाव होना मोटे होना आदि समस्याएं ठीक हो जाती है।
  • चुकंदर, टमाटर और गाजर तीनों को मिलाकर जूस पीने से रूखी त्वचा, कील मुंहासे, झाइयां, दाग धब्बे  जैसे त्वचा रोगों से छुटकारा मिलता है।
  • चुकंदर व टमाटर के रस में दो चम्मच कच्ची हल्दी का रस मिलाकर सुबह-शाम नियमित एक माह तक पीने से त्वचा का रंग गोरा होकर निखार आ जाता है।

चकुंदर के पत्तों के लाभ (Beetroot leaves Benefit in hindi)

  • इस के (Beetroot) साथ-साथ इसके पत्ते भी स्वास्थ्य के लिए लाभदायक माने जाते हैं। इसके पत्तों के सेवन से मूत्र संबंधी समस्याएं, कब्ज, सूजन, सिर दर्द, पैरालाइसिस तथा कान दर्द में राहत मिलती है।
  • चुकंदर के पत्तों का जूस पीने या पत्तों का साग या सब्जी में डालकर खाने से खून के थक्के बनने की समस्या से छुटकारा मिलता है। और इससे ह्रदय रोगों को दूर करने में भी मदद मिलती है।
  • इसके पत्तों को पानी में उबालकर इससे सिर धोने से जुए खत्म हो जाती है।
  • इस के पत्ते मेहंदी के साथ पीसकर सिर पर लेप करने से बाल झड़ना बंद हो जाते हैं और तेजी से बाल बढ़ते भी है।
  • चकुंदर के पत्तों को पीसकर उनमें थोड़ी सी हल्दी मिलाकर सिर में लेप करने से बालों की समस्या दूर होती है और बालों का तेजी से विकास होता है।

अब तक आपने जाना चकुंदर के औषधीय गुण और चकुंदर के फायदे (Beetroot benefit) आगे जानते हैं इसके सेवन से होने वाले कुछ नुकसान (Beetroot side effect in hindi) के बारे में

चुकंदर के नुकसान (Beetroot side effects in hindi)

इसके स्वास्थ्य लाभ (Beetroot benefit) के साथ साथ Beetroot का सेवन करने की कुछ सावधानियां और इसके कुछ नुकसान भी होते हैं जैसे

  • चुकंदर का जूस हमेशा किसी फल या सब्जी आदि के जूस के में मिलाकर पीना चाहिए अकेले चुकंदर का जूस पीने से वोकल कॉर्ड में तकलीफ हो सकती है
  • इसका जूस रात को नहीं पीना चाहिए। जूस पीने का सही समय दोपहर के भोजन से पहले या सुबह के समय दिन में कभी भी पी सकते हैं। इससे कफ की उत्पत्ति नहीं होती।

FAQ : चुकंदर के बारे में पूछे जाने वाले सवाल 

Q 1. एक दिन में कितना चकुंदर खाना चाहिए ?

Ans  चुकंदर का जूस पीना व इस (Beetroot) को सलाद के रूप में खाना, इसका सेवन शरीर के लिए फायदेमंद होता है। चुकंदर का सेवन नियमित 150 ग्राम की मात्रा में किया जा सकता है और इसके जूस को एक बार में 100 ml तक सेवन किया जा सकता है। लेकिन इस के जूस को अकेला सेवन करने की वजाय अन्य किसी भी ज्यूस में मिलाकर सेवन करना चाहिए।

Q  2. चकुंदर खाने से कितना खून बढ़ता है ?

Ans  चुकंदर में प्रचुर मात्रा में आयरन पाया जाता है जिससे यह शरीर में खून की कमी दूर करता है। साथ ही यह रोग प्रतिरोधक क्षमता भी बढ़ाता है। चुकंदर के जूस का नियमित सेवन करने से ना सिर्फ हीमोग्लोबिन में वृद्धि होती है बल्कि सेहतमंद रहने के साथ-साथ इसके नियमित सेवन से स्किन में भी निखार आता है।

Q  3. क्या चकुंदर के बीज का भी सेवन किया जाता है ?

Ans  चुकंदर की तरह इसके बीच भी स्वास्थ्य के लिए लाभदायक माने जाते हैं। चुकंदर के बीच सेक्स की इच्छा को बढ़ाने में मदद करते हैं तथा योन शक्ति बढ़ाने के साथ-साथ धात रोग से छुटकारा दिलाने और शुक्राणु बढ़ाने में भी उपयोगी माने जाते हैं।

Q  4. चुकंदर और शहद मिलाकर खाने से क्या होता है ?

Ans नियमित सुबह के समय एक गिलास चुकंदर के जूस शहद मिलाकर पीने से शरीर में आयरन और एंटीऑक्सीडेंट्स जैसे तत्वों की पूर्ति होती है। साथ ही इसका नियमित सेवन करने से हृदय रोग और एनीमिया में भी लाभ मिलता है।

निष्कर्ष

इस आर्टिकल में हमने जाना Beetroot चकुंदर क्या है, चकुंदर के औषधीय गुण (Beetroot nutrition), चकुंदर के स्वास्थ्य लाभ और चकुंदर के फायदे और नुकसान क्या है। तथा इसका सेवन करने से किन किन बिमारियों से बचा जा सकता है और इसके उपयोग से शरीर में क्या फायदा होता है।

इस आर्टिकल चकुंदर के फायदे और नुकसान (Beetroot benefit and side effect in hindi) के बारे में आपके कोई सुझाव या सवाल हो तो Comment बॉक्स में लिखें और आर्टिकल को शेयर भी करें जिससे किसी जरूरतमंद की मदद हो सके।

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